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राजस्थान का एकीकरण, 1948–1956

राजस्थान एक दिन में नहीं बना। 1948 के मत्स्य संघ से 1956 के पुनर्गठन तक, आठ वर्षों में सात चरण लगे, तब जाकर उन्नीस रियासतें, तीन ठिकाने और ब्रिटिश प्रांत अजमेर-मेरवाड़ा एक राज्य में जुड़े। चरण, तिथियाँ, राजधानियाँ, राजप्रमुख और प्रधानमंत्री — RAS में सबसे अधिक पूछे जाने वाले विषयों में से एक।

13 Oct 2026 4 मिनट में पढ़ें

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इस गाइड में
  1. शुरुआती स्थिति
  2. सात चरण
  3. हर चरण की मुख्य बातें
  4. इतना समय क्यों लगा
  5. अभ्यास

30 मार्च 1949 को सरदार वल्लभभाई पटेल ने जयपुर में वृहत् राजस्थान का उद्घाटन किया। जयपुर, जोधपुर, बीकानेर और जैसलमेर जैसी बड़ी रियासतें संघ में शामिल हो चुकी थीं, और जयपुर उसकी राजधानी बना। यह तिथि हर वर्ष राजस्थान दिवस के रूप में मनाई जाती है। पर वृहत् राजस्थान उन सात चरणों में से केवल चौथा था, जिनसे आज का राज्य बना, और यह प्रक्रिया 1 नवंबर 1956 को जाकर पूरी हुई। RAS के लिए एकीकरण के चरण पूरे पाठ्यक्रम (syllabus) में सबसे अधिक पूछे जाने वाले तथ्यों में से हैं।

शुरुआती स्थिति

स्वतंत्रता के समय जिस क्षेत्र को आज हम राजस्थान कहते हैं, उसमें ये इकाइयाँ थीं:

  • 19 रियासतें (जयपुर, जोधपुर, उदयपुर, बीकानेर जैसी तोपों की सलामी वाली रियासतें और कई छोटी रियासतें);
  • 3 ठिकाने (chiefships) — लावा, कुशलगढ़ और नीमराणा;
  • ब्रिटिश शासित प्रांत अजमेर-मेरवाड़ा।

एकीकरण का काम सरदार पटेल के अधीन रियासती मंत्रालय (Ministry of States) ने किया, जिसके सचिव वी. पी. मेनन थे। साथ में प्रजामंडल नेताओं के प्रयास भी रहे।

सात चरण

चरणनामतिथिशामिल रियासतेंराजधानीराजप्रमुखप्रधानमंत्री
1मत्स्य संघ18 मार्च 1948अलवर, भरतपुर, धौलपुर, करौली (और नीमराणा)अलवरधौलपुर के महाराजा उदयभान सिंहशोभाराम कुमावत
2राजस्थान संघ (पूर्व राजस्थान)25 मार्च 1948कोटा, बूँदी, झालावाड़, बाँसवाड़ा, डूँगरपुर, किशनगढ़, प्रतापगढ़, शाहपुरा, टोंक (और कुशलगढ़)कोटाकोटा के महाराव भीमसिंहगोकुललाल असावा
3संयुक्त राजस्थान18 अप्रैल 1948उदयपुर (मेवाड़) शामिल हुआउदयपुरउदयपुर के महाराणा भूपाल सिंहमाणिक्यलाल वर्मा
4वृहत् राजस्थान30 मार्च 1949जयपुर, जोधपुर, बीकानेर, जैसलमेर (और लावा) शामिल हुएजयपुरजयपुर के महाराजा सवाई मानसिंह द्वितीय (महाराणा भूपाल सिंह महाराजप्रमुख)हीरालाल शास्त्री
5संयुक्त वृहत् राजस्थान15 मई 1949मत्स्य संघ का विलयजयपुरसवाई मानसिंह द्वितीयहीरालाल शास्त्री
6राजस्थान (भाग ख राज्य)26 जनवरी 1950सिरोही (आबू और देलवाड़ा को छोड़कर, जो बंबई राज्य में गए)जयपुरसवाई मानसिंह द्वितीय—
7पुनर्गठित राजस्थान1 नवंबर 1956अजमेर-मेरवाड़ा, आबू-देलवाड़ा और सुनेल टप्पा शामिल हुए; सिरोंज मध्य प्रदेश में गयाजयपुरराजप्रमुख का पद समाप्त; राज्यपाल नियुक्त—

हर चरण की मुख्य बातें

चरण 1 — मत्स्य संघ। यह नाम के. एम. मुंशी ने प्राचीन मत्स्य जनपद की याद में सुझाया था। इसका गठन कुछ हद तक इसलिए हुआ कि विभाजन की हिंसा के बाद अलवर और भरतपुर में क़ानून-व्यवस्था को लेकर चिंताएँ थीं।

चरण 3 — उदयपुर का शामिल होना। मेवाड़ को शुरू में आशा थी कि वह अलग रहेगा या अपना अलग संघ बनाएगा। जब वह शामिल हुआ, तो राजधानी उदयपुर आ गई, और जवाहरलाल नेहरू ने नए संघ का उद्घाटन किया।

चरण 4 — वृहत् राजस्थान। बड़ी रियासतों का शामिल होना निर्णायक क़दम था। लंबी बहस के बाद जयपुर को राजधानी चुना गया; क्षेत्रीय हितों में संतुलन के लिए राज्य-स्तर के कुछ कार्यालय दूसरे नगरों में रखे गए (जैसे उच्च न्यायालय जोधपुर में, और बाद में RPSC अजमेर में)।

चरण 5 — मत्स्य का विलय। मत्स्य संघ की जनता की राय शंकरराव देव की अध्यक्षता वाली एक समिति के माध्यम से ली गई, जिसने पाया कि बहुमत उत्तर प्रदेश के बजाय राजस्थान में विलय के पक्ष में है।

चरण 6 — सिरोही। सिरोही का बँटवारा विवादास्पद रहा: 1950 में आबू और देलवाड़ा बंबई राज्य में गए, और 1956 में ही राजस्थान में लौटे।

चरण 7 — 1956। राज्य पुनर्गठन अधिनियम, 1956 (States Reorganisation Act, 1956) के तहत अजमेर (जो स्वतंत्रता के बाद अलग भाग ग राज्य बन गया था) राजस्थान में शामिल हुआ, और माउंट आबू लौट आया। राजप्रमुख का पद समाप्त कर दिया गया; गुरुमुख निहाल सिंह राजस्थान के पहले राज्यपाल बने।

इतना समय क्यों लगा

  • बड़ी रियासतों के शासक अपनी हैसियत बचाए रखना या अलग संघ बनाना चाहते थे।
  • राजधानी और संस्थाओं को लेकर क्षेत्रीय प्रतिद्वंद्विता (जयपुर बनाम जोधपुर बनाम उदयपुर)।
  • उलझे हुए प्रश्न — सिरोही और आबू, अजमेर की स्थिति, मत्स्य संघ की पसंद।
  • प्रिवी पर्स और शासकों के विशेषाधिकार तय करने की ज़रूरत।

अभ्यास

प्रारंभिक परीक्षा (Prelims) शैली:

  1. एकीकरण का पहला चरण कौन-सा था, और वह कब बना?
  2. संयुक्त राजस्थान के राजप्रमुख कौन थे?
  3. राजस्थान दिवस किस तिथि को मनाया जाता है, और क्यों?
  4. वृहत् राजस्थान के पहले प्रधानमंत्री कौन थे?
  5. 1 नवंबर 1956 को कौन-से क्षेत्र राजस्थान में शामिल हुए?

मुख्य परीक्षा (Mains) शैली (50 शब्द): राजस्थान के इतिहास में 30 मार्च 1949 का क्या महत्व था?

मुख्य परीक्षा शैली (100 शब्द): राजस्थान के एकीकरण के चरणों और उनसे जुड़ी चुनौतियों का वर्णन कीजिए।

तारीख़ों और आँकड़ों पर एक बात। परीक्षा का पैटर्न, रिक्तियाँ और कार्यक्रम हर साल बदल सकते हैं। ताज़ा जानकारी हमेशा Rajasthan Public Service Commission की वेबसाइट पर जारी नवीनतम अधिसूचना में देखें।

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